फारबिसगंज व्यवहार न्यायालय के अधिवक्ताओं द्वारा न्यायार्थियों को सस्ता, सुलभ एवं त्वरित न्याय उपलब्ध कराने की मांग को लेकर चलाया जा रहा आंदोलन सोमवार को तीसरे दिन भी जारी रहा। बार एसोसिएशन एवं एडवोकेट एसोसिएशन के संयुक्त नेतृत्व में न्यायालय परिसर एवं मुख्य द्वार पर अधिवक्ताओं ने शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया तथा अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी कर सरकार एवं न्यायिक प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया। अधिवक्ताओं ने कहा कि वर्षों से फारबिसगंज अनुमंडल क्षेत्र की बड़ी आबादी क्रिमिनल कोर्ट के संचालन की प्रतीक्षा कर रही है, किंतु अब तक इसका शुभारंभ नहीं हो सका है। इसके कारण आम लोगों को न्याय प्राप्त करने के लिए अनावश्यक समय, धन एवं श्रम व्यय करना पड़ता है।आंदोलन के दौरान अधिवक्ताओं ने मांग की कि नव-निर्मित 10 कोर्ट कक्ष वाले न्यायालय भवन का अविलंब उद्घाटन किया जाए तथा फारबिसगंज में क्रिमिनल कोर्ट का शीघ्र शुभारंभ एवं नियमित संचालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही न्यायालय में आवश्यक आधारभूत सुविधाओं का विस्तार, सिविल कोर्ट में फ्रैंकिंग मशीन की स्थापना तथा अधिवक्ताओं के लिए वकालतखाना निर्माण हेतु भूमि चिन्हित कर भवन निर्माण कराया जाए।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष ने कहा कि यह आंदोलन किसी व्यक्तिगत हित के लिए नहीं, बल्कि अनुमंडल क्षेत्र के लाखों न्यायार्थियों को सस्ता, सुलभ एवं त्वरित न्याय दिलाने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि न्यायिक सुविधाओं के विस्तार से न केवल आम लोगों को राहत मिलेगी, बल्कि न्याय व्यवस्था भी अधिक प्रभावी एवं सुगम बनेगी।
धरना-प्रदर्शन में बार एसोसिएशन एवं एडवोकेट एसोसिएशन के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में अधिवक्ता उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में अपनी मांगों के शीघ्र समाधान की मांग करते हुए आंदोलन को मांगों की पूर्ति तक जारी रखने का संकल्प लिया।
